एटीएम गाथा... (ढिंग टांग)

ब्रिटिश नंदी
शुक्रवार, 25 नोव्हेंबर 2016

काय वानू आता। तुझे रूप आत्म।
प्रत्यक्ष एटीएम। सामोरे गा।।

शुभ्रवर्ण काया। उजळले मुख।
पाहोनिया सुख। वाटे भारी।।

गाभाऱ्यात उभा। एटीएमदेव।
आता कैसे भेव। रांगेचे हो।।

काय ती मूरत। साख नि सूरत।
दातृत्वाचा दूत। मूर्तीमंत।।

पुढ्यात गा माझ्या। पुंजाळली स्क्रिन।
पुसें भक्‍तीपिन। क्रमांक हो।।

आठवितो मीही। गुप्त सिद्ध मंत्र।
तेणे तेचि यंत्र। प्रसन्नेल।।

नको तीच ब्यांक। गर्दी भयंकर।
खडूस क्‍याशियर। पिंजऱ्यात।।

पाठविती घरी। बदलता सही।
अपडेट नाही। पासबुक।।

काय वानू आता। तुझे रूप आत्म।
प्रत्यक्ष एटीएम। सामोरे गा।।

शुभ्रवर्ण काया। उजळले मुख।
पाहोनिया सुख। वाटे भारी।।

गाभाऱ्यात उभा। एटीएमदेव।
आता कैसे भेव। रांगेचे हो।।

काय ती मूरत। साख नि सूरत।
दातृत्वाचा दूत। मूर्तीमंत।।

पुढ्यात गा माझ्या। पुंजाळली स्क्रिन।
पुसें भक्‍तीपिन। क्रमांक हो।।

आठवितो मीही। गुप्त सिद्ध मंत्र।
तेणे तेचि यंत्र। प्रसन्नेल।।

नको तीच ब्यांक। गर्दी भयंकर।
खडूस क्‍याशियर। पिंजऱ्यात।।

पाठविती घरी। बदलता सही।
अपडेट नाही। पासबुक।।

भीतीचा राक्षस। आपुल्याच मनी।
आपुलाच ‘मनी’। मिळेना गा।।

एटीएमदेव। सोपा नि सालस।
त्याला ना आळस। अहोरात्र।।

न मागे स्वाक्षरी। येथे आणि तेथे।
नच फिरे माथे। त्याचे कधी।।

आधी चेक आणा। येथे सही करा।
मागेसुद्धा करा। निगुतीने।।

पॅन नंबराचा। किती बडिवार।
उल्टा क्‍याशियर। डाफरतो।।

नको ती गा ब्यांक। पोटी येतो गोळा।
भीतीचा गा मळा। फुले तेथे।।

एटीएमदेव। कृपाळू सुंदर।
तोचि क्‍याशियर। खराखुरा।।

त्याचे गर्भगार। किती थंडगार।
बसे स्टुलावर। गुरखा हो।।

पोटात तयाच्या। माया कोटी कोटी।
जणू वाहे तोटी। नळाची गा।।

स्मरा भक्‍तिपिन। करा हो एंटर।
माया बाह्यांतर। त्याच्यालागी।।

म्हणे मज प्रेमें। येई रे सामोरा।
वृथा येरझारा। घालितोसी।।

किती शिणलासी। कष्टलीस काया।
श्रमलासी वाया। येड्यावाणी।।

काय हवे तुज। खाते हालचाल।
किंवा विड्रावल। सांग बाळा।।

कटीवर त्याच्या। असे नाभिस्थान।
तेथून उत्पन्न। होते क्‍याश।।

क्‍याशउत्पत्तीस्थळी। असो द्यावे ध्यान।
आतुरती कान। ध्वनीलागी।।

खर्रफर्र ध्वनी। आवाज मायेचा।
जीव होतो साचा। गोळा गोळा।।

तुझ्या खात्यावरी। नुरे काही पुण्य।
भलताच धन्य। आहेस तू।।

असतील तरी। येथे मिळतात।
त्याला म्हणतात। एटीएम।।

परवा पाहिले। उभ्याने रांगेत।
देव गाभाऱ्यात। रिकामाचि।।

देणाऱ्याचे हात। आखडले आता।
आम्हा कोण त्राता। उरला गा।।

Web Title: british nandi's dhing-tang coloum